एसेट मैनेजमेंट कंपनियां (AMCs)
इनमें से कुछ प्रमुख कंपनियों के नाम हैं:
- एसबीआई म्यूचुअल फंड (SBI Mutual Fund)
- आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल म्यूचुअल फंड (ICICI Prudential Mutual Fund)
- एचडीएफसी म्यूचुअल फंड (HDFC Mutual Fund)
- कोटक महिंद्रा म्यूचुअल फंड (Kotak Mahindra Mutual Fund)
- निप्पॉन इंडिया म्यूचुअल फंड (Nippon India Mutual Fund)
- आदित्य बिड़ला सन लाइफ म्यूचुअल फंड (Aditya Birla Sun Life Mutual Fund)
- एक्सिस म्यूचुअल फंड (Axis Mutual Fund)
- यूटीआई म्यूचुअल फंड (UTI Mutual Fund)
- डीएसपी म्यूचुअल फंड (DSP Mutual Fund)
- टाटा म्यूचुअल फंड (Tata Mutual Fund)
मई 2025 तक, भारतीय म्यूचुअल फंड उद्योग में कुल परिसंपत्ति प्रबंधन (AUM) लगभग ₹72.20 लाख करोड़ था, जो उद्योग के तेजी से विकास को दर्शाता है।
भारत में सबसे पुरानी म्यूचुअल फंड कंपनी यूनिट ट्रस्ट ऑफ इंडिया (UTI) है।
- स्थापना: इसकी स्थापना भारतीय संसद के एक अधिनियम के माध्यम से 1963 में की गई थी, और इसने 1964 में अपनी पहली म्यूचुअल फंड योजना, यूनिट स्कीम 1964 (US-64), शुरू की।
- इतिहास: लगभग दो दशकों तक, यूटीआई का भारत में म्यूचुअल फंड पर एकाधिकार था।
- संरचना में परिवर्तन: 2003 में, यूटीआई को पुनर्गठित किया गया और इसे दो अलग-अलग संस्थाओं में विभाजित कर दिया गया:
- यूनिट ट्रस्ट ऑफ इंडिया: जो एक विशेष उद्देश्य वाली संस्था थी।
- यूटीआई म्यूचुअल फंड: जो भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (SEBI) के तहत एक विनियमित फंड हाउस बन गया।
इसलिए, जबकि यूटीआई का मूल संगठन सबसे पुराना है, वर्तमान में यह यूटीआई म्यूचुअल फंड के रूप में काम करता है।
म्यूचुअल फंड उद्योग का AUM
भारतीय म्यूचुअल फंड उद्योग का AUM ऐतिहासिक ऊंचाइयों पर है। यह दर्शाता है कि अधिक से अधिक निवेशक म्यूचुअल फंड में अपना पैसा लगा रहे हैं। लोग अब इक्विटी, डेट और अन्य एसेट क्लास में निवेश के लिए म्यूचुअल फंड को एक प्रमुख विकल्प मान रहे हैं। मई 2025 तक, AUM लगभग ₹72.20 लाख करोड़ था, और इसमें वृद्धि जारी है।
SIPs की लोकप्रियता:
सिस्टमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान (SIPs) म्यूचुअल फंड में निवेश का सबसे लोकप्रिय तरीका बन गया है। निवेशक छोटी-छोटी मासिक किस्तों में निवेश करके लंबी अवधि में अच्छा कॉर्पस बना रहे हैं। SIPs के माध्यम से हर महीने रिकॉर्ड तोड़ निवेश हो रहा है।










